झारखंड में पुलिस महकमे को हिलाकर रख देने वाले अवैध वेतन निकासी घोटाले में सीआईडी की विशेष जांच टीम (एसआईटी) लगातार बड़े खुलासे कर रही है। इसी कड़ी में बोकारो एसपी कार्यालय के अकाउंट सेक्शन में तैनात सहायक अवर निरीक्षक (ASI) अशोक कुमार भंडारी को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच में उनकी संलिप्तता सामने आने के बाद बुधवार को उन्हें रांची स्थित सीआईडी की विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजते हुए होटवार स्थित बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार भेज दिया।
तफ्तीश के दौरान चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है कि भंडारी इस पूरे घोटाले के मुख्य आरोपी और पहले से गिरफ्तार मुख्य लेखापाल कौशल कुमार पांडेय का करीबी सहयोगी था। दोनों मिलकर लंबे समय से अवैध वित्तीय लेनदेन को अंजाम दे रहे थे। जांच टीम को मिले अहम सबूतों के अनुसार, पांडेय के बैंक खाते से करीब 50 लाख रुपये भंडारी के खाते में ट्रांसफर किए गए थे। इस खुलासे ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है। फिलहाल एसआईटी इस घोटाले की गहराई तक पहुंचने और इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान के लिए लगातार जांच को आगे बढ़ा रही है।